Skip to content

प्राकृतिक कीटनाशी – कराईसोपा

हमारे यहाँ फसलों में पाया जाने वाला यह कराईसोपा एक महत्वपूर्ण कीटखोर कीट है। यह हमारी फसलों को हानि पहुँचाने वाले नर्म देह कीड़ों का प्रमुख प्राकृतिक शत्रु है। आमतौर पर इस कीट के प्रौढ़… 

Read More

छैल-मक्खी – एक परभक्षिया कीटनाशी

छैल-मक्खी (Damsel fly) चौमासे (आमतौर पर जून, जुलाई और अगस्त) के दौरान विभिन्न फसलों में उड़ते हुए नजर आने वाली एक महत्वपूर्ण कीटखोर मक्खी है। हरियाणा में इसे तुलसा के नाम से जाना जाता है।… 

Read More

गुलाबी सूंडी – कपास का कीड़ा

दुनिया भर में कपास के मुख्य हानिकारक कीटों में शुमार यह गुलाबी सूंडी आजकल हरियाणा में कम ही पाई जाती है। कीट वैज्ञानिक जगत में इस कीड़े को Pectinophora gossypiella के नाम से जाना जाता… 

Read More

लोपा मक्खी – एक परभक्षिया कीटनाशी

लगभग पच्चीस करोड़ साल से इस धरती पर बास कर रही इन किसान मित्र लोपा मक्खियों को विभिन्न देशों में अलग-अलग नजरिये से देखा जाता है। यूरोप व नई दुनियां के देशों में, लोपा मक्खियों… 

Read More

जयन्तु- एक परभक्षिया कीटनाशी राम का घोड़ा

राम का घोड़ा ! ना.. बाबा.. ना। यू तो नेता जी सै, पाछले जन्म में हाथ जोड़न की बाण कौन गई – हथजोड़े की । यू जो भी सै, सै पक्का छलिया। देखन में दूब… 

Read More

प्राकृतिक कीटनाशी – अंगीरा !

2005 की साल हरियाणा प्रान्त में अमेरिकन कपास की साधारण किस्मों की जगह बी.टी. हाइब्रिडों का प्रचलन हुआ। इसके साथ ही कपास की फसल में फिनोकोक्स सोलेनोप्सिस नाम का मिलीबग भस्मासुर बन कर सामने आया… 

Read More

सांवला मत्कुण

सांवला मत्कुण की गिनती कपास की फसल में हानि पहुचने वाले छिट-पुट कीटों में होती है. इस कीड़े का जिक्र तो कपास के फोहे खराब करने के लिए या घरों में भण्डारण के समय इंसानों… 

Read More

तम्बाकूआ-सुंडी

तम्बाकूआ-सुंडी सामनी के समय म्हारे हरियाणा में कपास के साथ-साथ अरहर व डैंचा के पौधों पर दिखाई देने वाला एक पर्ण-भक्षी कीड़ा है। इस सुंडी को कीट-वैज्ञानिक Spodoptera litura कहते-लिखते हैं। अंग्रेज इसे टोबैको केटरपिलर… 

Read More

प्राकृतिक कीटनाशी – बिन्दुआ बुग्ड़ा

बिन्दुआ बुग्ड़ा एक मांसाहारी कीट है जो अपना गुजर-बसर दुसरे कीटों का खून चूस कर करता है। कांग्रेस घास पर यह कीट दुसरे कीटों की तलाश में ही आया है। कांग्रेस घास के पौधों पर… 

Read More

बिन्दुवा बुग्ड़े के अंडे से निकला – बंगिरा

इंसानों द्वारा छेड़े जाने पर ये बिन्दुआ बुग्ड़े बेचैन करने वाली तीक्ष्ण गंध छोड़ते हैं। इस गंध रूपी हथियार को ये कीट दुसरे कीटों से अपना बचाव करने में भी इस्तेमाल करते हैं। आलू की… 

Read More